भारत, दक्षिण कोरिया ने अपने विशेष सामरिक गठजोड़ को मजबूत बनाने चार समझौतों पर हस्ताक्षर किये
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी एवं दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति मून जेई इन ने दोनों देशों के विशेष सामरिक संबंधों को और अधिक मजबूत बनाने पर जोर दिया तथा इन्हें आगे बढ़ाने के लिये चार समझौतों पर हस्ताक्षर किये । प्रधानमंत्री मोदी ने भारत की पहली यात्रा पर आए दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति मून के साथ संबंधों के विविध आयामों पर विस्तृत चर्चा की ।मोदी ने कहा, ‘‘ हमने अपने द्विपक्षीय संबंधों की समीक्षा की और क्षेत्रीय एवं विविध वैश्विक विषयों पर चर्चा की । नीतिगत स्तर पर भारत की ‘एक्ट ईस्ट पालिसी’ और कोरिया गणराज्य की न्यू सदर्न स्ट्रैटेजी में स्वभाविक एकरसता है। मैं राष्ट्रपति मून के इस विचार का स्वागत करता हूं कि भारत और कोरिया के संबंध न्यू सदर्न स्ट्रैटेजी के आधार स्तम्भ हैं । ’’ दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति मून जे..इन ने कहा, ‘‘ हमने द्विपक्षीय सहयोग के नये युग की शुरुआत की है ।’’ दोनों देशों ने उन्नत समग्र आर्थिक गठजोड़ समझौते :सीईपीए: के तहत अर्ली हार्वेस्ट पैकेज पर संयुक्त बयान पर हस्ताक्षर किया । इसके मुताबिक, उन्नत सीईपीए के तहत जारी वार्ता को आगे बढ़ाना और इसके लिये झींगा, सीप, प्रसंस्कृत मछली जैसे क्षेत्रों में कारोबार उदारीकरण को आगे बढ़ाना है। भारत और दक्षिण कोरिया ने कारोबार उपचार के विषय पर भी एक सहमति पत्र पर हस्ताक्षर किये । इसके तहत एंटी डंपिंग, सब्सिडी, सहयोग समितियां स्थापित कर, विचार विमर्श और सूचनाओं के आदान प्रदान के जरिये सुरक्षा उपाए करने की बात कही गई है।

