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राहुल गांधी ने वायनाड लोकसभा सीट से नामांकन दाखिल किया

कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने दक्षिण भारत में पार्टी के गढ़ वायनाड लोकसभा सीट से बृहस्पतिवार को नामांकन दाखिल किया। वह उत्तर प्रदेश में अपनी पारंपरिक सीट अमेठी से भी चुनाव लड़ रहे हैं।

राहुल ने यहां वायनाड जिला मुख्यालय में जिला कलेक्टर ए आर अजयकुमार को नामांकन से जुड़े कागजात सौंपें। इस अवसर पर उनके साथ उनकी बहन प्रियंका गांधी, कांग्रेस के वरिष्ठ नेता, के सी वेणुगोपाल और मुकुल वासनिक भी थे।

केरल के पश्चिमी घाट स्थित मनोरम पर्वतीय क्षेत्र वायनाड में जिला कलेक्टरेट के बाहर कांग्रेस नीत यूडीएफ के सैकड़ों कार्यकर्ता जमा थे।

कांग्रेस के प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार की एक झलक पाने के लिए चिलचिलाती धूप की परवाह नहीं करते हुए यहां महिलाओं और युवाओं सहित पार्टी के हजारों कार्यकर्ता कालेपट्टा में जमा थे। इस क्षेत्र में विभिन्न जनजातीय समुदायों के लोग रहते हैं।

नामांकन की प्रक्रिया पूरी करने के बाद राहुल ने क्षेत्र के मतदाताओं का अभिवादन करने के लिए प्रियंका और केरल में कांग्रेस नीत यूडीएफ के वरिष्ठ नेताओं के साथ एक रोड शो भी किया। यहां 23 अप्रैल को मतदान होना है।

कांग्रेस अध्यक्ष ने नामांकन दाखिल करने के बाद संवाददाताओं से बात करते हुए कहा कि वह सुदूर दक्षिण से चुनाव लड़ रहे हैं ताकि यह संदेश दिया जाए कि भारत एक है।

उन्होंने कहा, ‘‘मैं केरल यह संदेश देने के लिए आया हूं कि भारत एक है। दक्षिण, उत्तर, पूर्व, पश्चिम, मध्य…सभी एक हैं…आरएसएस और भाजपा देश भर में हमले कर रहे हैं। मैं सिर्फ यह संदेश देना चाहता हूं कि मैं दक्षिण भारत और उत्तर भारत से खड़ा हुआ हूं। मेरा लक्ष्य एक संदेश देना है। ’’

राहुल ने कहा कि दक्षिण भारत में यह भावना है कि जिस तरह से नरेंद्र मोदी सरकार काम कर रही है उनकी (दक्षिण की) संस्कृति, भाषा, इतिहास..सब कुछ पर हमला किया जा रहा है।

उन्होंने कहा, ‘‘इसलिए मैंने यह संदेश देना चाहा कि मैं उत्तर और दक्षिण से लडूंगा। ’’ उन्होंने अमेठी में अपनी मुख्य प्रतिद्वंद्वी स्मृति ईरानी के आरोप की प्रतिक्रया में यह कहा। दरअसल, भाजपा नेता ईरानी ने आरोप लगाया है कि वायनाड से चुनाव लड़ने का कांग्रेस अध्यक्ष का फैसला अमेठी के लोगों का अपमान है।

वहीं, प्रियंका ने वायनाड के लोगों से अपने भाई (राहुल) का ध्यान रखने की अपील की।

प्रियंका ने ट्वीट कर कहा, ‘मेरा भाई , मेरा सबसे सच्चा दोस्त है। मैं जिन व्यक्तियों को जानती हूं उनमें वह सबसे साहसी व्यक्ति हैं। वायनाड, आप उनका खयाल रखिये। वह आपको कभी शर्मिंदा नहीं होने देंगे।’ राहुल ने कहा कि वह केरल में सत्तारूढ़ माकपा नीत एलडीएफ की सारी आलोचनाओं का घूंट पी लेंगे। दरअसल, वाम दल वायनाड से उनके चुनाव लड़ने से नाराज है।

उन्होंने यह स्पष्ट कर दिया कि वह चुनाव प्रचार के दौरान वाम दलों के खिलाफ नहीं बोलेंगे।

वायनाड लोकसभा सीट से नामांकन दाखिल करने के बाद पत्रकारों से बात करते हुए गांधी ने यह भी कहा कि वह उत्तर और दक्षिण की सीटों से “एक संदेश देने” के लिये लड़ रहे हैं।

उन्होंने कहा, “माकपा और कांग्रेस के बीच केरल में चुनावी मुकाबला है। यह चलता रहेगा। मैं समझता हूं कि माकपा को मुझसे लड़ना पड़ेगा। लेकिन मैं माकपा के खिलाफ एक शब्द नहीं कहूंगा।’’

राहुल ने कहा, “मैं यहां एकता का संदेश देने आया हूं कि दक्षिण भारत भी महत्वपूर्ण है और मैं पूरी तरह समझता हूं कि माकपा को मुझ पर हमला करना है। इसलिये, मैं उनके सारे हमले खुशी से झेलूंगा, लेकिन मेरे मुंह से प्रचार अभियान के दौरान आप उनके खिलाफ एक शब्द भी नहीं सुनेंगे।”

उन्होंने कहा कि देश के सामने दो मुख्य मुद्दे हैं–“नौकरियों की कमी और कृषि संकट”।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा, “किसान इस बात से अनभिज्ञ हैं कि भविष्य में उनके लिये क्या है। युवा रोजगार की तलाश में राज्य दर राज्य भटक रहे हैं और (प्रधानमंत्री) नरेंद्र मोदी दोनों ही मोर्चों पर विफल हुए हैं।”

गांधी ने यह भी कहा, “प्रधानमंत्री ने जब कहा कि वह चौकीदार होंगे तो देश ने उन पर भरोसा किया। लेकिन, चौकीदार ने खुद अनिल अंबानी को वायुसेना का 30,000 करोड़ रुपया दे दिया।”

राजग सरकार पर एक बार फिर राफेल सौदे को लेकर हमला करते हुए उन्होंने कहा, “उन्होंने (मोदी ने) रुपये चुराए और अनिल अंबानी को दे दिये जिन्हें कोई अनुभव (विमान निर्माण का) नहीं था। अनिल अंबानी 45,000 करोड़ रुपये के कर्ज में हैं।”

हालांकि सरकार ने राफेल सौदे में किसी भी तरह के भ्रष्टाचार से बार-बार इनकार किया है।

वायनाड से अपनी उम्मीदवारी पर गांधी ने कहा कि “वह संदेश देना चाहते थे कि भारत एक है।”

कांग्रेस प्रमुख की हाई प्रोफाइल यात्रा के मद्देनजर कलक्ट्रेट कार्यालय के आसपास कड़ी सुरक्षा व्यवस्था की गई थी।

नामांकन दाखिल करने के बाद राहुल गांधी ने प्रियंका गांधी के साथ एक खुले वाहन में रोडशो शुरू किया।

कांग्रेस अध्यक्ष ने जिला कलेक्टर के कार्यालय में नामांकन दाखिल करने के बाद पूर्व मुख्यमंत्री ओमन चांडी और केरल विधानसभा में विपक्ष के नेता रमेश चेन्नितला सहित राज्य के कई नेताओं के साथ एक खुले वाहन में रोडशो शुरू किया।

सड़क के दोनों ओर लोगों का हुजूम था। सुरक्षा बलों को कार्यकर्ताओं को नियंत्रित करने और उनके वाहन के लिए रास्ता बनाने में काफी मशक्कत करनी पड़ी।

राहुल और प्रियंका ने हाथ हिलाते हुए वहां मौजूद लोगों का अभिवादन किया।

वाहन के थोड़ा आगे बढ़ते ही राहुल ने उत्साहित समर्थकों से हाथ भी मिलाया ।

लोग यहां अपने फोन से फोटो खींचते भी नजर आएं। समर्थकों ने कांग्रेस और उसके सहयोगी दल ‘इंडियन यूनियन मुस्लिम लीग’ (आईयूएमएल) के झंडे भी फहराए।

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